पोस्ट ग्रेजुएशन कैसे करें? (योग्यता, फीस, करियर ऑप्शन और सैलरी)

पोस्ट ग्रेजुएशन करने के बाद विद्यार्थियों को सरकारी और गैर सरकारी क्षेत्रों में अच्छा करियर विकल्प देखने को मिलता है। इसीलिए अधिकांश युवा पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करते हैं। पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने के बाद मिलने वाले पद और नौकरी में अत्यधिक तनख्वाह मिलती है, जिससे उनके लिए एक बेहतरीन करियर विकल्प हो सकता है। तो आज के इस आर्टिकल में हम आपको पोस्ट ग्रेजुएशन के बारे में पूरी जानकारी विस्तार से बताते हैं।

पोस्ट ग्रेजुएशन शिक्षा की एक डिग्री है। विद्यार्थी की शिक्षा का प्रमाण है। उस डिग्री के आधार पर नौकरी के लिए आवेदन कर सकते हैं। सरकार के अनेक सारे संगठन एवं क्षेत्र और प्राइवेट संगठन व क्षेत्र पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने वाले युवाओं को हायर करते हैं।‌

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पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री क्या है?, पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने में कितनी फीस लगती है और पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री कौन कौन कर सकता है?, इसके लिए योग्यता क्या है?, इसके बाद करियर विकल्प क्या है? इस बारे में पूरी जानकारी विस्तार से बताएंगे।

पोस्ट ग्रेजुएशन कैसे करें? (योग्यता, फीस, करियर ऑप्शन और सैलरी)

पोस्ट ग्रेजुएशन का अर्थ क्या है?

पोस्ट ग्रेजुएशन का हिंदी में अर्थ स्नातकोत्तर होता है। पोस्ट ग्रेजुएशन को शॉर्टकट में PG कहते हैं। यह भारत में एक अत्यंत प्रचलित और लोकप्रिय डिग्री है, जिसे युवा नौकरी की तलाश से पूर्व कंप्लीट करते हैं।

पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री पूरी करने के बाद आसानी से और अत्यधिक तनख्वाह वाली नौकरी मिलती है। पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री ग्रेजुएशन की डिग्री प्राप्त करने के बाद हासिल करनी होती हैं।

पोस्ट ग्रेजुएशन क्या है?

पोस्ट ग्रेजुएशन एक डिग्री है, जो पोस्ट ग्रेजुएशन में एडमिशन लेने के बाद हासिल होती है।‌ पोस्ट ग्रेजुएशन की शिक्षा पूरी करने के बाद सर्टिफिकेट के तौर पर यह डिग्री प्रदान की जाती है। पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री 2 साल से लेकर 4 साल तक पूरी होती है। इस डिग्री से अनेक तरह के करियर ऑप्शन उपलब्ध हो जाते हैं।

इसको हासिल करने वाले अभ्यर्थी को पोस्टग्रेजुएट कहा जाता है। पोस्ट ग्रेजुएशन करने के बाद नौकरी करने के लिए आसानी होती है। आसानी से सरकारी और प्राइवेट छात्रों में नौकरी मिल जाती है तथा पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री वाले लोगों को अत्यधिक सैलरी मिलती है।

पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करना थोड़ा सा मुश्किल है। ग्रेजुएशन करने के बाद पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करनी होती है। इसीलिए ग्रेजुएशन के मुकाबले पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री थोड़ी मुश्किल और कठिन होती हैं। पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने के बाद अनेक सारे करियर ऑप्शन खुल जाते हैं।

इसीलिए पोस्ट ग्रेजुएशन का कोर्स थोड़ा टफ होता है। पढ़ाई पूरी करने के बाद युवा नौकरी की तलाश के लिए पहले पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करते हैं ताकि उन्हें अच्छी नौकरी मिले। इस डिग्री को 2 वर्ष से लेकर 4 वर्ष के बीच पूरा किया जा सकता है।

पोस्ट ग्रेजुएशन का महत्व

पोस्ट ग्रेजुएशन की महत्वता सभी विद्यार्थी जानते हैं, इसीलिए हाई स्कूल की पढ़ाई पूरी करने के बाद ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करते हैं।‌ ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने के तुरंत बाद पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करके नौकरी की तलाश करते हैं, जिससे उन्हें अच्छी नौकरी मिल सके।

पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री करने के लिए अनेक तरह के कोर्स होते हैं तथा इस डिग्री हेतु एडमिशन एंट्रेंस एग्जाम भी होता है। पोस्ट ग्रेजुएशन के इंटरेस्ट एग्जाम में अच्छे अंक प्राप्त होने पर अच्छा कॉलेज मिलता है। पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने के लिए आवेदन करने वाला प्रत्येक अभ्यर्थी यही आशा करता है कि उसे अच्छा से अच्छा कॉलेज मिलें। ताकि उसका भविष्य बेहतर हो सके।

उसे हाई लेवल की पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री मिल सके, अच्छे कॉलेज से पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने पर बड़ी-बड़ी कंपनियां में नौकरियां मिलती हैं और सरकारी नौकरियों में सहायता मिलती है। इसीलिए सभी अभ्यर्थी पोस्ट ग्रेजुएशन के एडमिशन हेतु इंटरेस्ट एग्जाम में अच्छी पढ़ाई करते हैं और ज्यादा अंक से पास होने की कोशिश करते हैं।

पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने के बाद प्राप्त की जा सकती हैं। पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने के लिए पहले ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करनी होती हैं।‌ ग्रेजुएशन की डिग्री 12वीं पास कोई भी अभ्यर्थी कर सकते हैं।

आमतौर पर युवा 12वीं पास करने के बाद नौकरी की तलाश के लिए ग्रेजुएशन और फिर पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करते हैं। इसे हिंदी में स्नातक और स्नातकोत्तर कहते हैं। पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री प्राप्त करने के लिए आप किसी भी बड़े और लोकप्रिय कॉलेज में एडमिशन ले सकते हैं। भारत में अनेक सारे सरकारी और गैर सरकारी कॉलेज उपलब्ध है।

पोस्ट ग्रेजुएशन करने हेतु योग्यता

  • ग्रेजुएशन की डिग्री में कम से कम 55% अंक प्राप्त होने चाहिए।
  • ग्रेजुएशन के विषय में ही पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करनी चाहिए।
  • अभ्यर्थी को पोस्ट ग्रेजुएशन करने में रुचि होनी चाहिए।
  • 12वीं मार्कशीट में अच्छे अंक प्राप्त होने चाहिए।

पोस्ट ग्रेजुएशन कितने साल का होता है?

पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने वाले युवाओं को पहले यह जान लेना चाहिए कि पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने में कितना समय लगने वाला है, उस आधार पर ही उन्हें पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करनी चाहिए। बता दें कि पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने के लिए पहले ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करनी होती है और ग्रेजुएशन की डिग्री में लगभग 55 से ज्यादा प्रतिशत अंक प्राप्त होने चाहिए, उसके बाद ही पोस्ट ग्रेजुएशन कर सकते हैं।

पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने में अभ्यर्थी को 2 वर्ष से लेकर 4 वर्ष तक का समय लगता है। पोस्ट ग्रेजुएशन के अंतर्गत अनेक सारे कोर्स होते हैं। इन सभी कोर्स के आधार पर अलग-अलग समय लगता है। कुछ कोर्स करने के लिए 1 वर्ष का समय लगता है, जबकि आमतौर पर 2 वर्ष और 3 वर्ष के कोर्स अधिकांश लोग करते हैं। पोस्ट ग्रेजुएशन प्रोग्राम में आमतौर पर लोग 3 वर्ष और 4 वर्ष के कोर्स करते हैं।

आप अपनी इच्छा के अनुसार और अपनी रूचि के अनुसार पोस्ट ग्रेजुएशन का कोर्स कर सकते हैं। पोस्ट ग्रेजुएशन प्रोग्राम के अंतर्गत जो कोर्स कराए जाते हैं, उनके नाम हम आपको नीचे बता रहे हैं। आप अपनी इच्छा के अनुसार और अपनी रूचि के अनुसार पोस्ट ग्रेजुएशन के अंतर्गत कोई भी प्रोग्राम या कोई भी कोर्स ले सकते हैं।

पोस्ट ग्रेजुएशन प्रोग्राम के कोर्स

  • मास्टर ऑफ एजुकेशन
  • मास्टर ऑफ आर्ट
  • मास्टर ऑफ लो
  • मास्टर ऑफ कॉमर्स
  • मास्टर ऑफ साइंस
  • मास्टर ऑफ कंप्यूटर साइंस
  • मास्टर ऑफ होटल मैनेजमेंट
  • मास्टर ऑफ मार्केटिंग मैनेजमेंट
  • मास्टर ऑफ लाइब्रेरी एंड इंफॉर्मेशन
  • मास्टर ऑफ कंप्यूटर एप्लीकेशन
  • मास्टर आफ बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन
  • मास्टर ऑफ फिलॉसफी
  • मास्टर ऑफ टेक्नोलॉजी

पोस्ट ग्रेजुएशन कोर्स की प्रक्रिया

12वीं कक्षा की परीक्षा पास करें

पोस्ट ग्रेजुएशन करने वाले विद्यार्थियों को 12वीं कक्षा से ही ध्यान देना होता है। क्योंकि 10वीं और 12वीं कक्षा में अच्छे अंक प्राप्त करने पर ही वे आगे की पढ़ाई आसानी से कर सकते हैं और उन्हें आगे एडमिशन मिल सकता है।

इसीलिए अगर आपको पहले से ही पोस्ट ग्रेजुएशन करने की समझ है तो आपको दसवीं कक्षा और बारहवीं कक्षा में ही अच्छी तरह से पढ़ाई करनी है और अच्छे अंको से पास होना है। 12वीं कक्षा में आर्ट्स, कॉमर्स, साइंस, किसी भी विषय में आप अपनी रूचि के अनुसार अच्छे अंको से पास हो सकते हैं।

ग्रेजुएशन का कोर्स करें

पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने के लिए 12वीं कक्षा में अच्छे अंको से पास होना जरूरी है, लेकिन उससे भी अधिक जरूरी है। 12वीं के बाद ग्रेजुएशन की डिग्री प्राप्त करना पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने के लिए आपको बारहवीं कक्षा के बाद ग्रेजुएशन की डिग्री प्राप्त करने हेतु एडमिशन लेना होता है ।

अच्छे अंको से ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करनी होती है तभी आपको पोस्ट ग्रेजुएशन के लिए एडमिशन मिलता है। ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने में 3 साल तक का समय लग जाता है। पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने के लिए कॉलेज में दाखिला लेने के लिए ग्रेजुएशन की डिग्री में अच्छे अंक होना जरूरी है।

ग्रेजुएशन की डिग्री में कम से कम 55% अंक प्राप्त होने के बाद ही पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री के लिए आवेदन कर सकते हैं और इससे अधिक अंक आने पर अच्छी और लोकप्रिय कॉलेज में एडमिशन मिलता है, जो बेहतर भविष्य का रास्ता होता है। इसीलिए आपको अत्यधिक मेहनत करके ग्रेजुएशन की डिग्री में अधिक से अधिक अंक प्राप्त करने हैं ताकि आपका भविष्य बेहतर हो सके।

पोस्ट ग्रेजुएशन का कोर्स करें?

ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने के बाद पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री प्राप्त करने के लिए आवेदन करना होता है। पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने के लिए भारत में अनेक तरह के बड़े-बड़े और लोकप्रिय सरकारी कॉलेज एवं प्राइवेट कॉलेज में उपलब्ध है, जहां से आप पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल कर सकते हैं।

पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने के लिए ग्रेजुएशन की डिग्री में 55% से ज्यादा अंक प्राप्त होने चाहिए तभी आपको एडमिशन मिलेगा।‌ ग्रेजुएशन की डिग्री में अच्छे अंक प्राप्त होने वाले विद्यार्थियों को देश की बड़ी बड़ी और लोकप्रिय कॉलेज में एडमिशन मिलता है।

पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने के लिए एडमिशन लेने से पहले इंटरेस्ट एग्जाम पास करना होता है। इंटरेस्ट एग्जाम में अच्छे अंक आने पर ही अच्छी कॉलेज में एडमिशन मिलता है। इसीलिए आपको हमेशा ध्यान रखना है कि रिजर्वेशन की डिग्री में अच्छे अंक प्राप्त करने हैं और पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री प्राप्त करने से पहले इंटरेस्ट एग्जाम में भी अच्छे अंक प्राप्त करने हैं ताकि आपको देश के अच्छे से अच्छे कॉलेज में एडमिशन मिल सके और आपका भविष्य बेहतर हो सके।

पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री की फीस

पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री प्राप्त करने में पोस्ट ग्रेजुएशन प्रोग्राम के तहत अनेक सारे कोर्स होते हैं। इन सभी कोर्स के अनुसार फीस निर्धारित की जाती हैं। सरकारी कॉलेज में कम फीस होती हैं, जबकि प्राइवेट कॉलेज में अतिथि फीस होती है।

भारत में ऐसे अनेक सारे बड़े बड़े और लोकप्रिय प्राइवेट कॉलेज हैं, जहां पर पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने की फीस ₹50000 से ₹100000 ली जाती है। लेकिन आमतौर पर पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री प्राप्त करने पर ₹20000 से ₹30000 का खर्च आता है।

पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने के बाद करियर ऑप्शन

पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने के लिए बारहवीं कक्षा के बाद लगभग 5 से 7 वर्ष तक का समय लगता है। इस दौरान खूब मेहनत करनी होती है और फीस भी देनी होती है। अत्यधिक मेहनत और अच्छे अंको से पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने के बाद अभ्यर्थी के पास अनेक सारे करियर ऑप्शन उपलब्ध हो जाते हैं, जिन्हें अपनाकर वे अपना भविष्य संवार सकते हैं।

पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने के बाद करियर विकल्प के तौर पर सरकारी और प्राइवेट दोनों ही क्षेत्रों में अनेक तरह के कार्य करके अपना करियर चुन सकते हैं। अभ्यर्थी पुलिस, भारतीय सेना, सरकारी बैंक, इनकम टैक्स डिपार्टमेंट, ऑपरेशन मैनेजर, लोन मैनेजर, ब्रांच मैनेजर, सॉफ्टवेयर इंजीनियर, हेल्थ डिपार्टमेंट, इंफ्रास्ट्रक्चर डिपार्टमेंट इस तरह के अनेक सारे सरकारी विभागों और क्षेत्रों में नौकरी कर सकते हैं।

पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने के बाद प्राइवेट सेक्टर में ब्रांच मैनेजर, एरिया मैनेजर, लोन मैनेजर, प्रोबेशनरी ऑफिसर, बैंक क्लर्क, प्रोडक्ट मैनेजर, एस ई ओ मैनेजर, फाउंडर, को फाउंडर, ईमेल मार्केटिंग मैनेजर, डिजिटल मार्केटिंग मैनेजर, कॉल सेंटर, प्राइवेट बैंक, सॉफ्टवेयर डाउनलोडर, सॉफ्टवेयर इंजीनियर इत्यादि अनेक सारे प्राइवेट सेक्टर में काम कर सकते हैं।

पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री प्राप्त करने के बाद अभ्यर्थी के पास करियर विकल्प के तौर पर अनेक सारे ऑप्शन होते हैं, जिनका भी अपनी इच्छा के अनुसार चयन कर सकते हैं। सरकारी और गैर सरकारी संगठन और क्षेत्रों में अनेक तरह की नौकरियां और पद उपलब्ध होते हैं, जहां पर भी अपनी योग्यता के अनुसार अपनी रूचि के अनुसार और अपनी इच्छा के अनुसार नौकरी कर सकते हैं। अपना बेहतर कैरियर चुन सकते हैं।

पोस्ट ग्रेजुएशन के बाद कितनी सैलरी मिलेगी?

पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने के बाद एक अच्छा करियर ऑप्शन में जाता है। इसीलिए पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री प्राप्त करने वाले अभ्यर्थी को इस बात की बिल्कुल भी चिंता नहीं करनी चाहिए। पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री प्राप्त करने के बाद सरकारी तथा प्राइवेट सेक्टर में नौकरी करने पर अलग-अलग तनख्वाह दी जाती है।

आमतौर पर सरकारी नौकरी करने पर व्यक्ति को ₹25000 से ₹30000 हर महीने शुरुआत में मिल जाते हैं, जो धीरे-धीरे ज्यादा हो जाते हैं। ज्यादातर लोग पोस्ट ग्रेजुएशन करने के बाद प्राइवेट सेक्टर में नौकरी करते हैं, क्योंकि प्राइवेट सेक्टर में अत्यधिक पैसा मिलता है।

प्राइवेट सेक्टर में नौकरी करने पर तो कोई ज्यादा पैसा नहीं मिलता है, लेकिन प्राइवेट सेक्टर में अपना खुद का स्टार्टर या सर्विस शुरू कर के लोग अच्छी कमाई कर लेते हैं। प्राइवेट सेक्टर में नौकरी करने पर लोगों को बीच ₹25000 आसानी से मिल जाते हैं, जबकि खुद का स्टार्टअप और सर्विस प्रोवाइडर करके लोग महीने के ₹50000 से लेकर ₹100000 आसानी से कमा लेते हैं₹

FAQ

पोस्ट ग्रेजुएशन क्या है?

पोस्ट ग्रेजुएशन एक कोर्स है, जो ग्रेजुएशन के बाद करना होता है।

पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री कौन हासिल कर सकता है?

ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने के बाद कोई भी अभ्यर्थी पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल कर सकता है।

पोस्ट ग्रेजुएशन के बाद करियर ऑप्शन क्या है?

पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने के बाद सरकारी और प्राइवेट सेक्टर की बड़ी-बड़ी कंपनियों में नौकरी लगती है।

पोस्ट ग्रेजुएशन के बाद कितनी सैलरी मिलती है?

सरकारी क्षेत्रों में ₹30000 महीना शुरुआत में मिलता है जबकि प्राइवेट सेक्टर में ₹20000 से ₹25000 महीना शुरुआती तौर पर मिलता है, बाद में बढ़ते जाते हैं।

पोस्ट ग्रेजुएशन के बाद कितनी कमाई होती है?

पोस्ट ग्रेजुएशन करने के बाद खुद का स्टार्टअप या बिजनेस शुरू कर के महीने के एक लाख से डेढ़ लाख रुपए आसानी से कमा सकते हैं, लेकिन नौकरी करके ₹30000 से ₹40000 कमाए जा सकते हैं।

निष्कर्ष

पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री को ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने के बाद किया जाता है। भारत में या डिग्री काफी पॉपुलर है क्योंकि हाई स्कूल की पढ़ाई पूरी करने के बाद लोग नौकरी की तलाश करते हैं, उनके लिए यह कारगर साबित होती है और ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने के बाद सरकारी सेक्टर में भी आसानी से नौकरी मिलती है।

प्राइवेट सेक्टर की बड़ी-बड़ी कंपनियां पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल करने वाले अभ्यर्थियों को हायर करती हैं। पोस्ट ग्रेजुएट की डिग्री हासिल करने के बाद दूसरों के मुकाबले उन्हें अधिक सैलरी मिलती है।

पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री क्या है?, पोस्ट ग्रेजुएट की डिग्री हासिल करने के लिए योग्यता क्या है?, पोस्ट विषयों की डिग्री के बाद कितनी सैलरी मिलती है?, पोस्ट ग्रेजुएशन के बाद करियर ऑप्शन क्या है? इत्यादि पोस्ट ग्रेजुएशन से संबंधित संपूर्ण जानकारी विस्तार से इस आर्टिकल में बताई है है। हम उम्मीद करते हैं कि यह जानकारी आपके लिए उपयोगी साबित हुई होगी। यदि आपका कोई प्रश्न या सुझाव है तो कमेंट बॉक्स में जरूर बताएं।

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इनका नाम राहुल सिंह तंवर है। इनकी रूचि नई चीजों के बारे में लिखना और उन्हें आप तक पहुँचाने में अधिक है। इनको 4 वर्ष से अधिक SEO का अनुभव है और 6 वर्ष से भी अधिक समय से कंटेंट राइटिंग कर रहे है। इनके द्वारा लिखा गया कंटेंट आपको कैसा लगा, कमेंट बॉक्स में जरूर बताएं। आप इनसे नीचे दिए सोशल मीडिया हैंडल पर जरूर जुड़े।

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