कोरोना वायरस (कोविड-19) पर निबंध

Essay on Coronavirus in Hindi: आज के समय में किसी को बताने की जरूरत नहीं है कि कोरोना वायरस कितना खतरनाक महामारी का रूप धारण कर चुका है। आज कोरोना वायरस के कहर से लगभग संपूर्ण विश्व खुद को बचा नहीं सका है। आज कोरोना वायरस (कोविड-19) ने संपूर्ण विश्व के अच्छी सी अच्छी अर्थव्यवस्था को हिला कर रख दिया है।

दुर्भाग्यवश आज कोविड-19 को अपना कहर बरसाते हुए करीब 6 से 7 महीने हो चुके हैं, मगर इसकी कोई भी एक सटीक दवा का निर्माण नहीं हो सका है। आज के समय में कोविड-19 का वैक्सिंग नहीं बना है, यह सबसे बड़ी संपूर्ण विश्व के लिए चिंता का विषय है। आज के समय में कोरोना वायरस इतनी प्रसिद्ध महामारी का रूप धारण किए हुए हैं कि अब इसे आगे बच्चों के कक्षाओं में इस महामारी पर निबंध (Essay on Coronavirus) भी लिखने को मिल सकता है।

Essay on Coronavirus in Hindi
Short Essay on Corona Virus (COVID-19) in Hindi

आज इस लेख में हम आप सभी लोगों को कोरोना वायरस के ऊपर निबंध (Coronavirus Par Nibandh in Hindi) लेकर प्रस्तुत हुए हैं। कृपया हमारे इस लेख “कोरोना वायरस पर हिन्दी में निबंध (Corona Virus par Nibandh)” को अंतिम तक अवश्य पढ़ें।

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कोरोना वायरस पर निबंध – Essay on Coronavirus in Hindi

प्रस्तावना

कोरोना वायरस के कहर को देखते हुए विश्व स्वास्थ्य संगठन ने 11 मार्च वर्ष 2020 को इसे वैश्विक महामारी का दर्जा प्रदान किया। इसके संक्रमण की वजह से आज इसके संक्रमित लोगों की संख्या दिन-प्रतिदिन बड़ी मात्रा में बढ़ती जा रही है। इसकी कोई सटीक दवा का निर्माण ना होने के कारण इसकी संक्रमित संख्या को रोकना ना के बराबर हो गया है।

विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने इससे बचाव के लिए कुछ महत्वपूर्ण गाइडलाइंस को जारी किए हैं। जिन्हें हम अपने जीवन में फॉलो करके covid-19 से खुद को संक्रमित होने से बचा सकते हैं। जब कोई भी व्यक्ति करुणा वाले से संक्रमित होता है तो उसके अंदर इसके लक्षण शीघ्र ही पता नहीं चलते इसे पता करने में काफी वक्त लग जाता है। आइए इसके बारे में और विस्तार पूर्वक से समझते हैं।

कोरोना वायरस क्या है?

इस घातक वायरस की उत्पत्ति हमारे पड़ोसी देश चीन के शहर वुहान से हुई थी। जब इस महामारी धीरे-धीरे विकराल रूप धारण करना शुरू कर दिया तब इसे कुछ विशेषज्ञों ने माइक्रोस्कोप से देखा तो इसका आकार किसी राजा के ग्राउंड की जैसे दिखाई दे रहा था। यह वायरस अपने संक्रमण को एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति तक पहुंचा कर लोगों को संक्रमित करता है।

कोरोना वायरस के क्या लक्षण होते हैं?

यह एक ऐसा वायरस है, जिसके संक्रमित व्यक्ति में इसके लक्षण शीघ्र ही पता नहीं चलते हैं, जिसे पता चलने में करीब 14 दिनों का समय लग जाता है। इसीलिए यह आवश्यक है कि यदि आप किसी संक्रमित क्षेत्र से या फिर विदेश यात्रा करके अपने घर को वापस हुए हैं तो इस परिस्थिति में आप स्वयं को कम से कम अन्य लोगों से दूर 14 दिनों के लिए रखें।

14 दिनों के उपरांत आप यदि देखें की किसी भी प्रकार की स्वास्थ्य समस्या आपको नहीं हो रही है तो आप बिल्कुल ही स्वस्थ हैं, आपको इस बीमारी ने संक्रमित नहीं किया है। कोरोना वायरस के कुछ इस प्रकार से प्रमुख लक्षण हो सकते हैं। 

  • सुखी ख़ासी आना
  • बुखार का रहना
  • सर्दी होना
  • शरीर में अकड़न और दर्द
  • पूरा दिन थकान महसूस करना
  • सांस लेने में तकलीफ
  • गले में खराश

कोरोना वायरस कीमहत्वपूर्ण जानकारी

इन सभी प्रमुख लक्षणों के अलावा तीव्र श्वसन सिंड्रोम निमोनिया गुर्दे का फेल होना और संक्रमण का स्तर अधिक होने पर संक्रमित व्यक्ति की मृत्यु होना भी संभव है।

कोरोना वायरस क्या केवल पुरुषों को ही प्रभावित कर सकता है, क्या महिलाओं को कोरोना वायरस का खतरा नहीं होता है ?

हमारे देश में लोग बहुत सी अंधविश्वासी भावना को भी अपने भीतर रखते हैं। हमारे भारत देश में कई लोगों का कहना है कि कोरोना वायरस का कहां से पुरुषों को ही प्रभावित कर रहा है, इस के कहर से महिलाएं बची हुई हैं। सर बिल्कुल भी नहीं है, कोरोना वायरस का संक्रमण महिलाओं और पुरुषों में बराबर की तरह ही होता है। इसीलिए आप किसी भी प्रकार के अंधविश्वासों पर विश्वास ना करें। यदि आपकी नजर में कोई ऐसा व्यक्ति है जो अंधविश्वास को बढ़ावा दे रहा है तो आप इसकी शिकायत अपने नजदीकी पुलिस स्टेशन में कर सकते हैं।

कोरोना वायरस किस प्रकार से फैलता है?

कोरोना वायरस का आकार इतना छोटा है कि इसे नॉर्मल तरीके से देखना संभव नहीं। इसे देखने के लिए हमें माइक्रोस्कोप का प्रयोग करना पड़ता है, तब जाकर बहुत ही बारीक आकार में यह वायरस नजर आता है। जब कोई संक्रमित व्यक्ति खासतां है, थूकता है या फिर छींकता है तो इसके बारीक कर हवा में फैल जाते हैं और फिर हवा में फैले वायरस किसी अन्य व्यक्ति को संक्रमित कर देते हैं। यह वायरस आपके नाक, कान और मुंह के जरिए आपके सीधे फेफड़े में पहुंच जाता है।

किन-किन उम्र वाले व्यक्तियों को कोरोना वायरस के कारण मृत्यु होती है?

कोरोना वायरस से प्रभावित हुए लोगों की मृत्यु का दर्द इस प्रकार से निम्नलिखित हैं।

  • 9 साल तक के बच्चों में 0 फीसदी मृत्यु दर
  • 10-39 वर्ष तक के लोगों में 0-2 फीसदी मृत्यु दर
  • 40-49 वर्ष तक के लोगों में 0-4 फीसदी
  • 50-59 वर्ष तक के लोगों में 1-3 फीसदी
  • 60-69 वर्ष तक के लोगों में 3-6 फीसदी
  • 60-69 वर्ष तक के लोगों में 3।6 फीसदी
  • 70-79 वर्ष तक के लोगों में 8 फीसदी
  • 80 से ज्यादा वर्ष के लोगों में 14-8 फीसदी

ध्यान दें

जिन लोगों की उम्र अधिक होती है, उन लोगों के शरीर में धीरे धीरे बढ़ती उम्र के कारण इम्यूनिटी सिस्टम भी कमजोर होता चला जाता है। इसके अतिरिक्त जो लोग गंभीर बीमारी से पहले से ही जूझ रहे हैं, ऐसे लोगों में कोरोना वायरस का खतरा अत्यधिक बढ़ जाता है।

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कोरोना वायरस को लेकर पहली कुछ भ्रांतियां क्या है?

हमारे देश में लोग छोटी-छोटी बातों पर न जाने कितने भ्रांतियां फैलाने लगते हैं। इन सभी भ्रांतियों के चक्कर में फस कर ना जाने कितने लोग अपनी जान को भी गवा बैठे हैं। भारत देश में पुराना वायरस को लेकर आइए जानते हैं क्या-क्या प्रांतीय फैली हुई है।

  • अल्कोहाल पीने से वायरस दूर रहते हैं।
  • हैंड ड्रायर से मरेंगे कोरोना वायरस
  • अल्ट्रावायोलेट लैंप
  • एल्कोहल और क्लोरीन से बॉडी में स्प्रे करना
  • पालतू जानवर फैला सकते हैं कोरोना वायरस
  • निमोनिया की वैक्सीन नए कोरोना वायरस (कोविद-19) से दिला सकती है निजात
  • सिर्फ बच्चों और बूढ़ों को घेरता है कोरोना वायरस
  • लहसुन खाने से दूर होना कोरोना वायरस
  • तिल के तेल से कोरोना वायरस (कोविद-19) रहेगा दूर
  • एंटीबॉयोटिक से कोरोना का रोकथाम

आवश्यक जानकारी – Essay on Coronavirus

इन सभी प्रकार की भ्रांतियों पर आप ध्यान ना दें। क्योंकि इनके चक्कर में फस कर आपको काफी ज्यादा जान माल का नुकसान भी हो सकता है। आप डॉक्टरों एवं हमारे देश की सरकार द्वारा जारी किए गए सभी गाइडलाइंस को ध्यान में रखें बस।

कोरोना वायरस के क्या-क्या रोकथाम हो सकते हैं ?

जैसा कि हमने आपको पहले ही बताया जिन लोगों में रोग प्रतिरोधक क्षमता अधिक होती है, वह लोग कोरोना वायरस जैसी बीमारी से लड़ने में सक्षम होते हैं। इसीलिए इस महामारी से बचने के लिए आप स्वयं को बचाने के लिए आप अपने खानपान का विशेष रूप से ध्यान रखें।

आप अपने रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने के लिए पौष्टिक आहार का भी सेवन कर सकते हैं। इसके अतिरिक्त अभी कोरोना वायरस से बचाव के अन्य तरीके हैं जो इस प्रकार से निम्नलिखित हैं।

  • किसी भी वस्तु को छूने से कोरोना वायरस का खतरा हो सकता है, इसीलिए आप किसी भी वस्तु को छुए तो अपने हाथ को धोएं या फिर सैनिटाइज अवश्य करें।
  • आज के समय में आप अपने हाथों को कम से कम साबुन से 30 सेकंड तक अवश्य करें।
  • अन्य लोगों से आप कम से कम 5 से 6 की दूरी पर रहे।
  • घरों से बाहर निकलने के दौरान या फिर किसी अन्य व्यक्ति से मिलने के दौरान मास्क और हैंड ग्लव्स का प्रयोग करें।
  • जब बहुत ही आवश्यक कार्य हो तभी आप घरों से बाहर निकले।
  • जब कभी आप किसी भी वस्तु को मार्केट से खरीद कर घर में लाएं तो इसे सबसे पहले अच्छे तरीके से धोएं उसके बाद ही उसका इस्तेमाल करें।
  • बाहर के व्यक्ति से आप अपने घर के सामानों को ना मंगवाए।
  • जब आपको कोई संदिग्ध व्यक्ति दिखाई दे तो आप उससे दूरी बनाए रखें, उसके करीब जाने का प्रयास ना करें।
  • इस विषम परिस्थिति में आप कभी भी लंबी यात्रा ना करें।

उपसंहार – Essay on Coronavirus

हमारे देश की सरकार एवं स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से कोरोना वायरस से बचाव हेतु अनेकों प्रकार के गाइडलाइंस निरंतर रूप से जारी करते रहे हैं। ऐसे में आप खुद को आप की सुरक्षा के लिए बनाए गए गाइडलाइन का पालन करके आप कोरोना वायरस से सुरक्षित रह सकते हैं।

“घर पर रहे, सुरक्षित रहें”

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हमारे इस लेख “कोविड-19 पर निबंध – Hindi Essay on covid-19” का मुख्य उद्देश्य आप सभी लोगों को इस महत्वपूर्ण जानकारी के बारे में बताना था। यदि आपको यह लेख “Corona virus पर निबंध (Essay on Coronavirus)” पसंद आया हो तो इसे आप अपने मित्र जन एवं परिजन के साथ अवश्य साझा करें। फेसबुक पेज लाइक जरूर कर दें।

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