सड़क सुरक्षा पर निबंध

Sadak Suraksha Par Nibandh: वर्तमान समय में ज्यादातर लोग वाहन चलाते समय सड़क सुरक्षा को ध्यान में नहीं रखते हैं और सुरक्षा नहीं रखने पर आजकल बहुत दुर्घटनाएं भी होती है। हम यहां पर सड़क सुरक्षा पर निबंध शेयर कर रहे है। इस निबंध में सड़क सुरक्षा के संदर्भित सभी माहिति को आपके साथ शेअर किया गया है। यह निबंध सभी कक्षाओं के विद्यार्थियों के लिए मददगार है।

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सड़क सुरक्षा पर निबंध | Sadak Suraksha Par Nibandh

सड़क सुरक्षा पर निबंध 250 (शब्द)

वाहन चलाते समय हमेशा लोगों की गलतियों के कारण से सड़क दुर्घटनाओं का शिकार खुद तो होते ही है और साथ में सड़क में चल रहे  दूसरे लोगों को भी चोट पंहुचाते है। हम ड्राइविंग करते समय बहुत सी गलतियां  करते है और सड़क यातायात नियमों का पालन नहीं करते है। जिस कारण  से दैनिक जीवन में इतनी सड़क की दुर्घटना हो रही है, जिसकी गिनती तक नहीं की जा सकती है।

सड़क पर चलने वाले हर व्यक्ति को चोट लगने या मृत्यु के होने का खतरा बना होता है, जैसे कि जो व्यक्ति पैदल यात्रा कर रहे होते है, मोटर साइकिल चालक यात्री, आदि कर रहे होते उनके ऊपर सड़क दुर्घटना का विशेष खतरा रहता है।हर किसी को सड़क सुरक्षा के नियमों के बारे में पूरी जानकारी होना चाहिए, ख़ासकर बच्चों और युवाओं को सड़क सुरक्षा के नियमों के बारे मे पता होना चाहिये।

क्योंकि ज्यादातर बच्चे और बुजुर्ग लोग ही सड़क में आते-जाते है क्योंकि बच्चे सड़क पार करके ही स्कूल और पार्क मे खेलने के लिये रोड क्रॉस जरूर करते है, इसलिए हमारा कर्तव्य है कि हमें बच्चो को विशेष रूप से सड़क सुरक्षा के नियमों के बारे मे अच्छी तरह से जानकारी देना चाहिये, ताकि बच्चे किसी भी सड़क दुर्घटना का शिकार होने से बच सके।

बुजुर्गो को भी सड़क सुरक्षा के नियमों का विशेष रूप से उनको भी जानकारी देनी चाहिये क्योंकि बुजुर्ग लोग भी अक्सर घर से बाहर जाते है, तो सड़क पार जरूर करते है और कुछ गलतियों के कारण वह सड़क दुर्घटना का शिकार हो जाते है, सड़क दुर्घटना का शिकार होने से पहले ही उनको कुछ सड़क सुरक्षा के नियमों की जानकारी देनी चाहिये।

सड़क सुरक्षा पर निबंध (1100 शब्द)

प्रस्तावना

सड़क सुरक्षा सभी के जीवन के लिये बहुत महत्वपूर्ण होती है। सड़क पार करते समय खास कर ध्यान रखना चाहिये ताकि किसी भी तरह की सड़क दुर्घटना होने से  खुद को बचाया जा सके। सड़क सुरक्षा के बारे में सभी को जागरूक करे ताकि सभी का जीवन सड़क दुर्घटना से सुरक्षित रहे। आज कल सभी लोग जल्दी मे रहते है उनको घर, ऑफिस और मर्केट पहुंचने की जल्दी रहती है, तो वह जल्दी पहुंचने के चक्कर मे बहुत तेजी से गाड़ी चलाते है जिसके कारण से सड़क दुर्घटना का शिकार हो जाते है।

सड़क यातायात नियमों का पालन करना सभी के लिये अनिवार्य होता है, सड़क सुरक्षा के कई नियम सरकार द्वारा बनाये गये है। सड़क दुर्घटनाओ मे लाखो लोग की मौत होती है। ज़ब भी हम सड़क पार कर रहे होते है, तो हमें अपने साइड का ध्यान दे कर ही रोड के किनारे से चलना चाहिये। और चौराहे पर गाड़ी, कार से है, तो ट्रेफिक सिग्नल का पालन करे, यातायात के नियमो का पालन जरूरी करे तभी सड़क दुर्घटना के हादसों को काम किया जा सकेगा।

यातायात के प्रमुख साधन

मानव के विकास के इतिहास में यातायात के साधनों मे महत्त्वपूर्ण योगदान होता है। पहिए के विकास के साथ मनुष्य के जीवन के विकास की बहुत सी कहानियाँ जुडी है। मनुष्य ने जैसे-जैसे अपने बद्धि-बल का प्रयोग करके  वैसे-वैसे उन्होंने यातायात के साधनो को विकसित किया है।

पहले के समय मे मनुष्य को कही आना -जाना होता था तो वह ऊँट, घोड़े, ताँगे तथा बैलगाड़ियों के माध्यम से यात्राएँ किया करते थे। उस समय की यात्राऐ व्यय साध्य होती थी। इसके बाद  धीरे-धीरे तेज गति वाले वाहनों का विकास हुआ जिससे कही आने-जाने मे जल्दी पहुंच भी जाते थे और समय की भी बचत होने लगी।

यातायात के प्रमुख साधन

मालवाहक ट्रक, मोटर साइकिल, स्कूटर, बस तथा रेल, ट्राम गाड़ियों की खोज भी  मनुष्य के बुद्धि, विवेक के वजह से ही  विकास हुआ है।

पहले के समय मे लोगों के पास साइकिल तक न थी, आज के समय मे मोटर साइकिल तथा कारों की कोई कमी नहीं है। मनुष्य जैसे-जैसे आर्थिक रूपो से सम्पन्न होता  चला गया, वैसे-वैसे उनकी क्रयशक्ति भी बढती चली गई।और आज के समय मे हर किसी के पास विभिन्न प्रकार के वाहन होते है,आज के समय में तो लोगो की जनसंख्या इतनी अधिक रही है, कि हर घर मे 5सदस्य है, तो उन सभी के पास अलग-अलग गाड़ियां जरूर होंगी। क्योंकि आज के समय मे एक ही वाहन का उपयोग 2लोग नहीं करते है।

हर किसी बच्चे को सड़क पर कार चलाना न आता हों लेकिन वह मोटर साइकिल या कार लेकर सड़कों पर  जरूर निकल पड़ते हैं।  इसका परिणाम यह होता है, ज़ब कार चलानी आती ही नहीं तो सड़क दुर्घटना का शिकार बन ही सकते है। तकनीकी विकास का भी सड़क दुर्घटनाओं के विकास में बहुत बड़ा योगदान होता है।

सड़क सुरक्षा के नियम

सड़क पर पैदल चलते समय हमें पुटपाथ का उपयोग करना चाहिये। और कार, गाड़ी सड़क पर चलाते समय हमे बायीं ओर से चलाना चाहिये अपनी दिशा मे ही सड़क पर चले और वाहन चलाते है तो रोड़ मे भीड़-भाड़ को देख कर ही सड़क पर हॉर्न जरूर बजाये ताकि सड़क मे चल रहे लोगो को हॉर्न  का संकेत मिले और किसी भी तरह की सड़क दुर्घटना का शिकार होने से बचा जा सकता है।

कभी भी दौड़ कर सड़क पार नहीं करना चाहिए, ड्राइवर को हमेशा वाहन सड़क पर धीमी गति से ही चलाना चाहिए।  चार पहिया वाहन चलाते समय ड्राइवर को सीट बेल्ट का उपयोग जरूर करना चाहिए। और बाइक चलाते समय लोगो को हेलमेट पहनकर ड्राइविंग करनी चाहिए। अगर कोई भी वाहन चलाते हैं तो वाहन में शीशा जरूर लगा होना चाहिए उसे उससे पता चलता है कि कौन सा वाहन हमारे आगे पीछे आ-जा रहा है।

सड़क सुरक्षा के संकेत

सड़क सुरक्षा के लिये संकेत सरकार द्वारा बनाये जाते है, हम कार, बाइक चलाते हुये सड़क से निकलते है, तो कई चौराहे पड़ते है। उन चौराहो पर अलग-अलग तरह के संकेत  दिखाई देते है, यह संकेत सड़क सुरक्षा के लिये बनाये जाते है कि अगर  सड़क मे ज्यादा ट्रेफिक होती है, तो इन संकेतो के द्वारा सड़क दुर्घटनाओ को रोका जा सकता है।

रेड लाइट, येलो लाइट,ग्रीन लाइट आदि सड़क सुरक्षा के लिये कुछ संकेत बनाये गये है । ज़ब ट्रेफिक रहता है, तो रेड लाइट जलती है, तो रुकने का संकेत देती है। ग्रीन लाइट जलती है, तो थोड़ी देर और इंतज़ार करे और येलो लाइट जलने का संकेत यह है कि आप अपने वाहन को आगे बढ़ा सकते है।

सड़क दुर्घटनाओ से बचने के उपाय

सड़क दुर्घटनाओ से बचने के लिये बहुत से उपाय होते है, आप अपना बचाव खुद कर सकते है। सड़क पर ज़ब भी गाड़ी चलते है, तो हेलमेट जरूर लगाये ताकि कभी एक्सीडेंट होने पर आप अपने सिर मे चोट लगने से खुद का बचाव कर सकते है। सड़क मे गाड़ी चलाते समय सावधानी पूर्वक हमें ड्राइविंग करना चाहिये।

सरकार द्वारा यातायात के बनाये गये नियमों का पालन जरूर करे, जो भी ट्रेफिक सिग्नल के नियम तोडे उन पर चालान काटी जाये और उन पर केस भी किया जाये तभी सड़क दुर्घटनाओ के शिकार होने से बचाव किया जा सकेगा।

सड़क पर बिना लाइसेन्स के वाहन चलाने वालो के ऊपर कार्यवाही करनी चाहिये और जिन लड़को की उम्र 15-17 साल के होते है और उनसे वाहन चलाते नहीं आता लेकिन फिर भी जबजस्ती वाहन चलाते है।ऐसे मे एक्सीडेंट होता है फिर हमें इन सब पर रोक लगाना चाहिये तभी हम सड़क दुर्घटनाओ के शिकार होने से बच सकते है।

और कुछ फैक्ट्री मे ख़राब, घटिया किस्म के हेलमेट बनाये जाते है, जिससे लोग उन खराब हेलमेट का उपयोग करते है जिससे सड़क दुर्घटनाओ का खतरा बढ़ता है, इन सब पर रोक लगाने के लिये घटिया, नकली हेलमेट बनाने वाले लोगो के लाइसेन्स  जब्त किये जाना चाहिये और उन पर  सरकार द्वारा 100000 से 200000 लाख तक का जुर्माना लगाना चाहिये और उन पर सख्त कार्यवाही करनी चाहिये, तभी सड़क दुर्घटना से बचाव किया जा सकेगा।

निष्कर्ष

आज के समय मे नौजवान सड़को पर गाड़ी ऐसे चलाते है जैसे ऐरोप्लेन चला रहे हो, इसी वजह से हमारे देश मे सड़क दुर्घटनाओ की संख्या दिन-प्रतिदिन बढ़ती जा रही है, जिसमे हर दिन हज़ारो लोगो की मौत होती है। ऐसे मे हम सब को एक जुट हो कर सड़क सुरक्षा के नियमों के प्रति सभी को जागरूक करवाना चाहिये।

तभी हम देश मे हो रहे सड़क हादसों पर रोक लगा पाएंगे। और सभी को सरकार द्वारा बनाये गये ट्रेफिक नियमों का पालन करने के लिये सभी को जागरूक करे तभी हम अपने देश मे हो रही सड़क दुर्घटनाओ पर काबू कर पाएंगे। ज़ब तक एक साथ हो कर सड़क दुर्घटनाओ के प्रति हो रहे हादसों को लेकर शक्ति से पेश नहीं आएंगे तो तब तक सड़क दुर्घटनाऐ होती ही रहेगी।

अंतिम शब्द

दोस्तों सड़क सुरक्षा को आजकल ज्यादातर लोग हल्के में ले लेते हैं, और इसी कारण बहुत ज्यादा एक्सीडेंट भी होते हैं। आज के इस लेख में हमने आपको सड़क सुरक्षा पर निबंध (Sadak Suraksha Par Nibandh) से जुड़े संपूर्ण जानकारी प्राप्त करवाईं हैं। हम उम्मीद करते हैं, कि आपको सड़क सुरक्षा पर निबंध पसंद आया होगा, और अगर आपको इसलिए मन से जुड़े कुछ सवाल है, तो हमें नीचे कमेंट करके जरूर बताएं

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