व्यायाम के महत्व पर निबंध

Vyayam Par Nibandh: हम यहां पर व्यायाम के महत्व पर निबंध शेयर कर रहे है। इस निबंध में व्यायाम के महत्व के संदर्भित सभी माहिति को आपके साथ शेअर किया गया है। यह निबंध सभी कक्षाओं के विद्यार्थियों के लिए मददगार है।

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व्यायाम के महत्व पर निबंध | Vyayam Par Nibandh

व्यायाम के महत्व पर निबंध (250 Words)

हमारे जीवन में व्यायाम का बहुत अधिक महत्व होता है, लेकिन काफ़ी लोग अपने काम -काज में इतने व्यस्त होते है की कि उनको व्यायाम के महत्व के बारे में कुछ पता नहीं है।

स्कूल जाने वाले बच्चों के लिए जितनी पढाई की महत्ता है, उतनी महत्ता व्यायाम की भी है। बच्चों को स्कूल में व्यायाम के महत्व के बारे में बताना चाहिये। कुछ समय से देखा जाता है कि छोटे बच्चे के हाथों में ज्यादातर मोबाइल देखने को मिलता है और ज्यादा मोबाइल चलाने से बच्चे के सेहत और आँखों के लिये नुकसानदायक होता है, अगर वही जगह पर बच्चों को मोबाइल ना देकर पार्क में ले जाकर खुले वातावरण में खेलना और व्यायाम करवाना चाहिये, जिससे बच्चे कि सेहत अच्छी रहेगी।

दूसरी ओर यही हाल बड़े और बुजुर्गो का होता है, जो लॉकडाउन के चलते घर में समय ना काटने के वजह से वह सारा दिन मोबाइल में ही घुसे रहते है, जिससे कारण अच्छी ऑक्सीजन नहीं मिल पाती है और वह बीमार हो जाते है।

हमें अपनी सेहत को ठीक रखने के लिये रोज़ सुबह -शाम 1-2 घंटे पार्क या अपने घर की छत में घूमना चाहिये, जिससे आपका व्यायाम भी हो जायेगा और आपको खुले वातावरण में ऑक्सीजन भी प्राप्त होगा।

व्यायाम करने से हमारे शरीर के सभी अंग को भरपूर मात्रा में ऑक्सीजन मिलती है और व्यायाम करने से हमारे शरीर में ब्लड का सही से संचालन होता है, अगर शरीर के किसी भी अंग में ब्लड जम जाता है तो व्यायाम करने से ब्लड का संचालन सही मात्रा में होता है और व्यायाम करने से बीमारियों से लड़ने की हिम्मत रहती है और हम जल्दी किसी बीमारी का शिकार नहीं हो पाते है।

व्यायाम के महत्व पर निबंध (1000 Words)

प्रस्तावना

आज के युग में सारा काम मशीन से ही हो जाता है, जिस कारण से मानव दिन -प्रतिदिन आलसी होता जा रहा है। यही आलसपन की वजह से लोग कई बीमारियों का शिकार हो रहे है। मनुष्य के जीवन का सबसे बड़ा दुश्मन आलसपन होता है, आलस आने से आपका मन किसी भी काम में नहीं लगता है। सिर्फ दिनभर खाना, बैठे रहना, आलसी रहना और फिर धीरे – धीरे आपका शरीर कई बीमारियों से घिर जाता है।

अपने जीवन की सुरक्षा का ध्यान रखना हर व्यक्ति का अपना कर्तव्य होता है। अपने खानपान और शरीर की सुरक्षा के लिये हर तरह के व्यायाम करे ताकि बीमारियों से अपने शरीर को सुरक्षित रख सके। व्यायाम करने से मानसिक तनाव कम होता है और हमारे शरीर के किसी अंग मे दर्द हो तो व्यायाम करने से दर्द दूर हो जाता है। व्यायाम करने से मांस पेशीयाँ मजबूत होती है। किसी खुले स्थान में जाकर व्यायाम करने से ऑक्सीजन फेफड़े तक पहुँचता है।

व्यायाम क्या होता है?

व्यायाम क्या होता है, आइये जानते है कि व्यायाम का अर्थ अपने शरीर की सुरक्षा का देख -रेख करना होता है। अपने शरीर को सुरक्षित रखने के लिये व्यायाम अति आवश्यक होता है। शारीरिक वृद्धि और विकास करने के लिए नियमित रूप से  व्यायाम करते रहना चाहिए। जिन लोगों का शरीर दुर्बल होता है, तो व्यायाम करने से मांसपेशियां मजबूती बनती है।

बहुत से लोग मोटे होते है और मोटे लोग बहुत सी बीमारियों जैसे -थाइराइड, सांस फूलने बीमारी से ग्रासित होते है।  लोग अपना मोटापा कम करने के लिये व्यायाम करते है लेकिन एक गलती करते है कि अपने खानपान में अधिक वसा वाली चीज़ो का सेवन करते है। जिस कारण से उनके व्यायाम करने का कोई मतलब नहीं निकलता है। अगर मोटापा कम करने लिये व्यायाम करते है तो तेल, मसाला वाली चीज़ो दूर रहे। तभी आप अपने शरीर की चर्बी को कम कर पाएंगे और तभी व्यायाम करने का सही महत्व आपको समझ आएगा।

व्यायाम करने का सही स्थान और समय

व्यायाम करने के लिये सही जगह खुले वातावरण और स्वच्छ हवा वाला स्थान होना चाहिये। व्यायाम करने के लिये सही  खुली जगह जैसे कि छत, पार्क, किसी छाया वाले पेड़ आदि जगहों मे व्यायाम करना चाहिये, जिस से हमें ऑक्सीजन प्राप्त होती है। ज्यादातर पेड़ -पौधे के आस -पास रहकर व्यायाम करने से हमें स्वच्छ वायु मिलती है और हमारा मन भी स्वच्छ रहता है।

कसरत करने के लिये कोई सही समय नहीं होता है लेकिन फिर भी व्यायाम करने का समय सुबह और शाम का होता है। आप चाहे तो सुबह 1-2 घंटे और शाम को 1-2घंटे व्यायाम कर सकते है। सुबह का समय व्यायाम करने का सबसे अच्छा समय होता है, क्योंकि सुबह की ताजी हवा और अनुकूल वातावरण रहता है। सुबह व्यायाम करने का सही समय सुबह 4बजे से लेकर 7 बजे तक समय में 1 घंटे टाइम निकालकर रोज़ व्यायाम करे ताकि आपकी बॉडी बिल्कुल फ्रेश और तंदुरुस्त रहे।

व्यायाम के प्रकार

सभी व्यक्तियों के लिये व्यायाम करने का समय एक ही होता है, लेकिन सभी के उम्र के हिसाब से व्यायाम अलग -अलग तरह के होते है। जैसे कि बच्चों के लिये व्यायाम करने के लिये उनके उम्र हिसाब से व्यायाम अलग प्रकार के होते है और बूढ़े लोगो के लिये अलग ही प्रकार व्यायाम होते है तथा नौजवान के लिये अलग प्रकार व्यायाम होते है।

बच्चों के व्यायाम करने के लिये जैसे – सुबह  उठकर बच्चों का साइकिल चलाना, पार्क में घूमना, रस्सी कूदना,  फुटबाल खेलना, हॉकी खेलना आदि खेल खेलने से बच्चों मनोरंजन भी हो जाता है और बच्चों की कसरत भी हो जाती है।

नौजवान के व्यायाम करने के लिये तरीके सुबह – सुबह उठकर रनिंग करना, कुश्ती लड़ना, टेनिस खेलना, बॉडी बनने के लिये डंबल उठाना या कोई भरी चीज़ो बड़े पत्थर उठना आदि।

बूढ़ो के लिये व्यायाम करने के लिये तरीके- सुबह उठकर बुजुर्ग स्नान करके सूर्यदेव जल चढ़ाते है फिर धीमी गति से दोडते है, और जमीन बैठे कर सांस को रोक कर नाक से सांस ना छोड़ कर वह मुँह से सांस छोड़ते है और अपने पैर को फैला कर बैठे अपने हाथ-पैर ऊँगली से पकड़ने का प्रयास करते है।

व्यायाम करने से लाभ

व्यायाम करने से कई लाभ होते है, जो इस प्रकार होते है।

• व्यायाम करना हमारे शरीर के लिये वैसे ही जरूरी होता है जैसे कि हमारे शरीर के लिये भोजन करना जरूरी होता है। अगर एक दिन भोजन नहीं करते तो बीमार हो जाते है, उसी तरह रोजाना व्यायाम करना हमारे शरीर के लिये जरूरी होता है।

• प्रतिदिन व्यायाम करने से हमे डॉक्टर की लिखी गई दवाइयों को खाने की नौबत ही ना आएगी। अगर हम अच्छे से व्यायाम करेंगे तो किसी बीमारी के शिकार नहीं होंगे।

• शारीरिक, मानसिक तनाव, डिप्रेशन जैसी बीमारियों से छुटकारा पाने के लिये हर रोज़ व्यायाम करना आवश्यक होता है।

•जो लोग हार्ट के मरीज होते है, उनकी बॉडी में रक्त जम जाता है और वह डॉक्टर के पास इलाज के लिये जाते लेकिन डॉक्टर दवाई देता है और दवाई के साथ साथ व्यायाम करने की सलाह देता है, ताकि व्यायाम करने से कोलेस्टॉल को काफ़ी हद तक कम किया जा सकता है।

• कुछ बुजुर्ग के हड्डियों में खिंचाव आ जाता है, जैसे कि उनके गर्दन और कमर खिंचाव आने से दर्द बना रहता है, तो अगर रोज़ 1घंटे व्यायाम करे तो धीरे – धीरे उनकी हड्डियों का दर्द ठीक हो जायेगा।

• व्यायाम करने से हमारे शरीर की थकान दूर होती है और व्यायाम हमारे शरीर को तंदुरुस्त और स्वच्छ बनाये रखने में मदद करता है। सारी बीमारियों को हम से दूर रखता है।

• कसरत से मांसपेशिया मजबूत होती ही है और हमारे शरीर मे ब्लड का संचालन सही मात्रा में होता है, जो हमारे जीवन के लिये लाभदायक होता है।

निष्कर्ष

व्यायाम करने से शरीर को शक्ति और स्फूर्ति दोनों मिलती है। शरीर को सुरक्षित रखने जैसी जीवन की कोई बड़ी अनमोल चीज नहीं होती है। व्यायाम करने वाले लोगों का शरीर फिट रहता है। वह व्यायाम करने के साथ ही खाने -पीने ध्यान रखते है। मनुष्य दवाई खाना ज्यादा पंसद करते है, लेकिन व्यायाम, योगा करना पंसद नहीं करते। उनको लगता है ये सब टाइम बर्बादी है, लेकिन उनको बता दें की व्यायाम करने के बाद ही व्यायाम का असली महत्व पता चलता है।

ज्यादातर लोगों भाग -दोड वाले व्यायाम नहीं कर पाते है, वह योगासन का अभ्यास करके भी प्रतिदिन व्यायाम करने की शुरुआत कर सकते है, क्योंकि मानव का अपने खुद के जीवन की सुरक्षा का ख्याल रखना खुद के हाथों में होता है।

अंतिम शब्द

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