वर्षा जल संचयन पर निबंध

Varsha Jal Sanchayan Par Nibandh: इस समय जितनी पानी की समस्या चल रही है और हमें आए दिन किसी न किसी परेशानी का सामना करना पड़ता रहता है। इसके लिए यह बहुत जरूरी है, कि हम वर्षा के जल का संचयन करें इससे थोड़ी बहुत पानी की कमी पूरी होगी। आज के इस आर्टिकल में हम वर्षा जल संचयन पर निबंध पर जानकारी आप तक पहुंचाने वाले हैं। इस निबंध में वर्षा जल संचयन के संदर्भित सभी माहिति को आपके साथ शेअर किया गया है। यह निबंध सभी कक्षाओं के विद्यार्थियों के लिए मददगार है।

Varsha Jal Sanchayan Par Nibandh

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वर्षा जल संचयन पर निबंध | Varsha Jal Sanchayan Par Nibandh

वर्षा जल संचयन पर निबंध (250 शब्द)

यह एक ऐसा तरीका है जिसे हम भविष्य में अपने कार्यों के लिए इस्तेमाल कर सकते हैं, जैसे कृषि इत्यादि के लिए कृषि संचयन वह होता है। जिसमें हम अलग अलग संसाधनों में विभिन्न तरीकों के इस्तेमाल से बारिश के पानी को बचा कर रख सकते हैं और इकट्ठा कर सकते हैं। बारिश के पानी को कृत्रिम टैंक और प्राकृतिक जलाशय इत्यादि जगह पर संग्रहित किया जा सकता है।

बारिश हमारे लिए बहुत ही महत्वपूर्ण है और बारिश की एक-एक बूंद भगवान के आशीर्वाद के समान होती है। बारिश का पानी ऐसे प्रतीत होता है, मानव जमीन पर मोती गिर रहे हो और यह हमारे कृषि और कामों के लिए बहुत ही अच्छा होता है क्योंकि यह बहुत ही स्वच्छ होता है, इसीलिए हमें चाहिए कि हम पानी के महत्व को समझ कर पानी को इकट्ठा करें। छतों पर और सड़कों के किनारे बह रहे बारिश के पानी को बर्बाद किए बिना एकत्रित करना चाहिए।

जल की कमी को पूरा करने के लिए यह बहुत ही फायदेमंद तरीका है और बहुत ही सस्ता तरीका है। इस तरीके की वजह से हम बहुत सारे उद्देश्यों को पूरा कर सकते हैं। जैसे घरेलू कार्य, पशुधन कृषि और पशुपालन इत्यादि कई कामों में इन पानी को काम ले सकते हैं।

यह प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष दोनों तरीकों से भूमि के जल स्तर को फिर से उठाने में मददगार साबित होता है। खाई, कुआं खोदकर विभिन्न आकार तरीकों से बारिश के पानी को हम जमीन के अंदर पानी को इकट्ठा कर सकते हैं। दूसरे तरीके से पानी की टंकी का लाभ इसे भी हम कम से कम 4 से 6 महीने के लिए मदद ले सकते हैं। बारिश का पानी बहुत ही स्वच्छ और निर्मल होता है इसे हम सभी कार्यों के लिए इस्तेमाल कर सकते हैं।

वर्षा जल संचयन पर निबंध (1200 शब्द)

प्रस्तावना

जिस तरीके से पानी की समस्या दिन प्रतिदिन बढ़ती जा रही है। उन सभी को देखते हुए यह साफ पता चलता है, कि आने वाले समय में हमें पानी की कितनी कमी होने वाली है और सबसे अच्छा यही तरीका है, कि हम जल संचय करके आने वाले समय को बचा सकते हैं। अब आने वाले समय में अपने पानी की कमी को पूरा कर सकते हैं। इसके लिए हमें चाहिए कि हम आज से ही बारिश के पानी को इकट्ठा करना शुरू कर दें।

बारिश के पानी को इकट्ठा करना ही जल संचयन कहलाता है, जो कि एक बेहतर तरीका साबित हो सकता है। पानी की कमी को पूरा करने के लिए इस तरीके के वजह से हमें कई समस्याओं से निजात पा सकते हैं। इसे हम घर के कार्यों के लिए काम ले सकते हैं। कृषि में काम ले सकते हैं और भी अन्य कई कामों के लिए हम इस जल को काम ले सकते हैं। इस जल को एकत्रित करना बहुत ही आसान होता है।

जल संचयन का मतलब

अगर आसान भाषा में कहें तो जल संचयन का मतलब होता है, बारिश के पानी को इकट्ठा करना। इसी प्रक्रिया को जल संचयन कहा जाता है। जल संचयन करने के अलग अलग तरीके हो सकते हैं। जल संचयन का प्रयोग हम तक कर सकते हैं, जब इसकी हमें बहुत ज्यादा जरूरत हो। जब हमारे पास पानी की कमी हो, तब हम जल संचयन का प्रयोग करके अपने कामों को पूरा कर सकते हैं। यह हमारे लिए बहुत ही आसान और सरल तरीका साबित होता है।

जल संचयन के तरीके

जल संचयन करने के बहुत ही आसान तरीके होते हैं। अगर हम चाहे तो हम इस कदम को उठाकर अपनी खुद की मदद कर सकते हैं, और लोगों की भी मदद कर सकते हैं तो आइए कुछ तरीके जानते हैं।

  • सतह संग्रह प्रणाली अपनाकर

यह प्रणाली में होती है, जिसमें ऊपर आसमान से वर्षा होती है और इसका पानी जमीन में चला जाता है। इस को संगठित करना बहुत ही आसान होता है। इसको हम नदियों में तालाबों में कुओं में इत्यादि जगह पर संग्रहित कर के तो पुनः काम ले सकते हैं।

  • छत प्रणाली का इस्तेमाल करके

यह विधि बहुत ही आसान होती है। इसमें छत के ऊपर टैंक या कंटेनर को बनाकर उन्हें पानी संग्रहित किया जा सकता है। इस संग्रह पानी का इस्तेमाल फसलों के लिए भी किया जा सकता है, जो कि बहुत ही अच्छा होता है और यह बहुत ही आसान तरीका है।

  • भूमिगत टैंक का प्रयोग करके

यह पानी एकत्रित करने का बहुत ही आसान तरीका है। जिसमें जमीन की खुदाई करके एक टैंक का निर्माण किया जाता है, और उसमें पानी एकत्रित किया जाता है, क्योंकि भूमिगत टैंक में वाष्पीकरण की दर बहुत ही कम हो जाती है, क्योंकि सूर्य की किरने जल्दी से नहीं पहुंचती हैं। इसकी वजह से इसका पानी बहुत ही लंबे समय तक प्रयोग लिया जा सकता है।

  • वर्षा बैरल बनाकर

इसमें पानी को संग्रह करना बहुत ही आसान होता है। इसका बहुत ही अधिक प्रयोग किया जाता है। यह विशेष रूप से इसी उद्देश्य के लिए निर्मित किए जाते हैं और यह दुकानों पर भी आसानी से उपलब्ध हो जाते हैं, जो छत ऊपर से पानी गिरता है, उसका संग्रह करने के लिए बैरल का बहुत ही अधिक उपयोग किया जाता है, क्योंकि यह बहुत ही आसान होता है।

वर्षा जल संचयन के लाभ

  • घरेलू उपयोग

हम वर्षा जल संचयन करके इसको घरेलू कामों में प्रयोग कर सकते हैं। जैसे की साफ-सफाई, कपड़े धोना, किसी बीमार व्यक्ति का इलाज हुआ हो तो उसको वर्षा का पानी पिलाने से बीमारी बहुत ही जल्दी ठीक होती है और अन्य कई कामों में काम लिया जा सकता है।

  • औद्योगिक उपयोग

कृषि और उद्योग के लिए स्थानीय का बहुत ही सामान्य का प्रयोग किया जाता है और यह बहुत ही फायदेमंद भी होता है।

  • पूरक जल स्रोत के लिए

कई जगहों पर गर्मियों में पानी की वजह से बहुत सी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। जिन लोगों के पास पानी संचय होता है, वह बेचने के लिए बहुत ही अधिक कीमत प्राप्त करते हैं इस तरीके से पानी बेचा जाता है।

  • फसल के लिए

वर्षा के पानी पर फसल निर्भर रहती है, क्योंकि जब बारिश नहीं होती है, तो फसल की पैदावार अच्छी नहीं होती है, परंतु जब बारिश अच्छी हो जाती है, तो फसल भी बहुत अच्छी होती है, और उसकी कटाई भी बहुत ही अच्छी होती है और यहां पर कुंड बनाकर या टैंक बना कर पानी को एकत्रित किया जा सकता है, और फिर फसल के लिए प्रयोग किया जा सकता है।

  • भवन निर्माण के लिए

बारिश के पानी को एक जगह इकट्ठा करके जब मकान बनाते हैं, तब उसको काम में लिया जा सकता है। इससे घर में मजबूती भी होती है और पानी का भी लाभ लिया जा सकता है।

  • भूमि और जल प्रदूषण के लिए

जब  बारिश का पानी भूमि में टैंक बनाकर एकत्रित किया जाता है, तो उसके विषाणु अशुद्धियां खत्म हो जाती हैं। जिसकी वजह से भूमि और जल दोनों का प्रदूषण रोकने के लिए यह मददगार साबित होता है।

बरतने वाली सावधानियां

  • बारिश के पानी को हमेशा छानकर ही प्रयोग करना चाहिए इससे पानी की अशुद्धियां खत्म हो जाती हैं।
  • बारिश का पानी पीने योग्य होता है परंतु इस को अच्छे से उबाल लेना चाहिए उसके पश्चात पीना चाहिए।
  • इस मौसम में अधिक बरसात होती है उसके लिए पहले से ही सामान को एकत्रित कर दे क्योंकि बारिश में जाने पर हम बीमार भी पड़ सकते हैं।

निष्कर्ष

वर्षा संचयन बहुत ही अच्छा तरीका है, चाहे खेती के लिए हो चाहे फसलों के लिए यह कोई भी अन्य काम के लिए घरेलू कामों के लिए वर्षा का पानी बहुत ही शुद्ध होता है और इसे कई बीमारियां भी खत्म होती हैं। यह बहुत ही अच्छा स्रोत है, पानी एकत्रित करने का जब पानी की कमी होती है, तो हम इसका बहुत ही अच्छे से प्रयोग कर सकते हैं इसीलिए हमें चाहिए कि हम जल संचयन जरूर करें।

अंतिम शब्द

दोस्तों आज हमने आपको इस लेख में वर्षा जल संचयन पर निबंध ( Varsha Jal Sanchayan Par Nibandh) के बारे में बताया है जो कि बहुत ही महत्वपूर्ण कदम है। यह हम सभी के लिए फायदेमंद साबित हो सकता है। आपको यह लेख पसंद आया होगा अगर आपको ऐसे संबंधित कोई भी जानकारी चाहिए तो आप कमेंट बॉक्स में कमेंट कर सकते हैं।

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