सौंफ खाने के फायदे और नुकसान

Saunf Khane Ke Fayde Aur Nuksan: हमारे भारतीय किचन में मसाले के रूप में कई सारे औषधीय उपयोग में लाई जाती है, जो कि हमारे सेहत के लिए काफी फायदेमंद होते हैं और इन्हीं मसालों में से एक है सौंफ।

सौंफ का उपयोग हर घर में किया जाता है और इनसे कई तरह के शरबत और व्यंजन भी बनाए जाते हैं। सौंफ का उपयोग विभिन्न प्रकार से किया जा सकता है और सौंफ में कई सारे औषधीय गुण पाए जाते हैं, जो कि हमारे सेहत के लिए काफी फायदेमंद होते हैं।

Saunf Khane Ke Fayde Aur Nuksan
Image: Saunf Khane Ke Fayde Aur Nuksan

सौंफ में कई सारे पोषक तत्व है जैसे कि पोटैशियम, मैग्निशियम, मिनरल, प्रोटीन, फाइबर और भी बहुत सारे पोषक तत्व है, जो व्यक्ति के बहुत सारे शारीरिक समस्याओं का समाधान करते हैं। जिसमें कि सबसे प्रमुख है पाचन क्रिया को दुरुस्त करना। सौंफ का प्रयोग करके पाचन क्रिया को दुरुस्त किया जा सकता है।

आंखों संबंधी बीमारियों को भी ठीक करने में सौंफ का उपयोग किया जाता है। सौंफ का प्रयोग करके आंखों की रोशनी बढ़ाए जाती है। वजन कम करने में भी सौंफ का उपयोग किया जाता है और भी बहुत सारे रोगों में सौंफ का प्रयोग करके कई सारे फायदे मिलते हैं। आज के इस लेख में हम जानेंगे कि सौंफ खाने के क्या-क्या फायदे होते हैं और सौंफ से हमें क्या क्या नुकसान हो सकते हैं।

सौंफ खाने के फायदे और नुकसान | Saunf Khane Ke Fayde Aur Nuksan

सौंफ क्या है?

सौंफ एक प्राकृतिक मसालों में से एक है। सौंफ झाड़ियों वाले पौधों से प्राप्त किया जाता है। सौंफ बहुत ही स्वादिष्ट और खुशबूदार होती है। सौंफ का वैज्ञानिक नाम फॉनिक्युल वल्गारे है। सौंफ के बीज फीके और हरे रंग के होते हैं। सौंफ का स्वाद बहुत ही हल्का और हल्का हल्का मीठा होता है।

इसीलिए इसे खाने के बाद प्रयोग करते हैं ताकि मुंह के अंदर एक ताजगी बनी रहे और जो भी खाना व्यक्ति खाता है, वह जल्दी से पच जाए। क्योंकि सौंफ को पाचन के रूप में प्रयोग किया जाता है। क्योंकि इसका तासीर ठंडा होता है और यह पेट के अंदर जाकर आंतों को ठंडा महसूस करवाती है।

सौंफ से होने वाले फायदे

  • सौंफ का सबसे ज्यादा प्रयोग पेट संबंधित समस्याओं में किया जाता है। क्योंकि सौंफ में कुछ ऐसे गुण पाए जाते हैं, जो कि पेट में हो रही समस्याओं में बहुत ही जल्द राहत देती है। जैसे कि पेट में गैस का होना, पेट फूलना, पेट में सूजन होना इन सभी में काफी फायदेमंद होती है। क्योंकि सौंफ में मौजूद एंटीस्पास्मोडिक और कार्मिनेटिव गुण व्यक्ति के शरीर के अंदर जाकर पेट के समस्याओं में राहत देती है।
  • सौंफ का प्रयोग करके आंखों की रोशनी को बढ़ाया जा सकता है। क्योंकि सौंफ में विटामिंस और मिनरल्स पाए जाते हैं, जो कि आंखों के लिए काफी फायदेमंद होते हैं और सौंफ केवल छोटे बच्चों के लिए नही बल्कि जिनकी उम्र अधिक हो गई है, उनके लिए भी काफी फायदेमंद है। व्यक्ति चाहे किसी भी उम्र का हो सौंफ का सेवन करने से उसकी आंखों की रोशनी ठीक रहती है और हमेशा बनी रहती है। सौंफ का भाप लेकर या फिर सौंफ से सूती कपड़ों में लपेटकर गर्म करके भी आंखों को सिलाई किया जा सकता है। जिस व्यक्ति को आंखों में खुजली, सूजन या किसी भी प्रकार की छोटी मोटी समस्या हो, उसके लिए वह सौंफ को भाप के रुप में भी प्रयोग कर सकते हैं या फिर उसे सौंफ से सिकाई भी कर सकते हैं।
  • सौंफ का प्रयोग करके आप अपने बढ़ते हुए वजन को कंट्रोल में कर सकते हैं। सौंफ में पाए जाने वाले पोषक तत्व में से एक है फाइबर। फाइबर से बहुत जल्दी वजन कम होता है और जो शरीर के अंदर बसा होता है, उससे भी सौंफ खत्म कर देता है। इसीलिए बहुत सारे शोध के द्वारा यह बताया गया है कि यदि व्यक्ति सौंफ की चाय रोज पिए तो उसके वजन में बहुत जल्दी कमी आ जाती है और यह एक हेल्थी और प्राकृतिक तरीका है, वजन को घटाने का जिसे लोग सबसे ज्यादा मानते हैं।
  • सौंफ का प्रयोग करके श्वास संबंधित समस्याओं में भी राहत मिलती है। श्वास संबंधित समस्या में सौंफ का प्रयोग बहुत ही फायदेमंद होता है। सौंफ में कई ऐसे पोषक तत्व होते हैं, जो कि श्वास नली को साफ और दुरुस्त करती है यानी कि ठीक करती है। इसीलिए श्वास संबंधी समस्याओं में खास करके जब सर्दियों का मौसम होता है और लोगों को श्वास संबंधी समस्या होती है तो उसमें भी लोग सौंफ के पानी को पीते हैं, सौंफ से भाप लेते हैं और भी बहुत प्रकार से सौंफ का प्रयोग करके अपने श्वास नली को साफ करते हैं।
  • सौंफ का उपयोग करके मुंह के दुर्गंध को दूर किया जा सकता है। सौंफ का उपयोग माउथ फ्रेशनर के रूप में किया जाता है। क्योंकि सौंफ चबाने से मुंह के अंदर एक ताजगी आती है और सौंफ चबाने से मुंह के अंदर बहुत सारे लार बनते हैं, जो कि मुंह में पैदा हो रहे बैक्टीरिया को मारने में काफी मदद करते हैं। सौंफ में बहुत सारे पोषक तत्व होते हैं, इसीलिए सौंफ मुंह में हो रहे संक्रमण को भी ठीक करने में काफी मददगार साबित होता है।
  • सौंफ का प्रयोग करके दिल की बीमारी में भी फायदा पहुंचता है। क्योंकि सौंफ में फाइबर होता है, जो कि शरीर में पैदा हुए कोलेस्ट्रॉल को कम करता है और कोलेस्ट्रॉल को फाइबर शरीर के रक्त में घुलने से बंद करता है। इस प्रकार सौंफ का प्रयोग करके दिल संबंधी बीमारियों में काफी फायदा पहुंचता है।
  • सौंफ का प्रयोग करके कफ जैसी समस्याओं में भी राहत पाया जा सकता है। अक्सर ठंड में लोगों को कफ और सर्दी की समस्या हो जाती है। ऐसे में लोग ज्यादातर सौंफ का पानी पीते हैं। क्योंकि सौंफ में कई सारे एंटीबैक्टीरियल गुण पाए जाते हैं, जिससे कि व्यक्ति कफ की समस्या से जल्दी ठीक हो जाता है और यह छोटे बच्चों के लिए भी काफी फायदेमंद है। क्योंकि यह प्राकृतिक पदार्थ है, जिससे कि बच्चों को कोई साइड इफेक्ट नहीं होता है, इसीलिए छोटे बच्चों को भी कम हो जाने पर सौंफ का पानी पिलाया जाता है।
  • सौंफ का प्रयोग करके मस्तिष्क में हो रही समस्याओं में भी राहत पाया जा सकता है। सौंफ में कई सारे विटामिंस होते हैं, जो कि मस्तिष्क में हो रहे टेंशन और स्ट्रेस को दूर करने में काफी मदद करते हैं। आजकल लोग बहुत ही टेंशन और स्ट्रेस से ग्रसित होते हैं, उनके लिए सौंफ रामबाण के समान है। रोज सौंफ का प्रयोग करके व्यक्ति अपने मस्तिष्क को स्वस्थ और ताजा करके रख सकता है।
  • सौंफ का विशेष प्रयोग पेट संबंधी समस्या जैसे कि कब्ज, पेट फूलना इस तरह की समस्याओं में एक रामबाण के समान कार्य करता है। सौंफ का काढ़ा बनाकर व्यक्ति अगर पिए तो उसका तुरंत ही कब्ज खत्म हो जाता है।
  • जो महिलाएं अपने नवजात शिशु को स्तनपान कराती है, उन महिलाओं के लिए भी सौंफ का प्रयोग बहुत ही फायदेमंद होता है। क्योंकि सौंफ में एथनो नामक पोषक तत्व पाया जाता है, जो कि महिलाओं को दूध बनाने में उसकी मदद करता है। इसलिए जो महिलाएं अपने नवजात शिशु को स्तनपान करा रही हो, उन्हें सौंफ का इस्तेमाल करना चाहिए।
  • सौंफ का इस्तेमाल करके ब्लड प्रेशर जैसी गंभीर बीमारी में भी बेहद लाभ पाया जा सकता है। क्योंकि सौंफ में बहुत सारे पोषक तत्व होते हैं, जिनमें की सोडियम, नाइट्रेट, मैग्नीशियम यह सारे पोषक तत्व ब्लड में मौजूद सोडियम की मात्रा को कम करके ब्लड प्रेशर को नियंत्रित करता है और यह महिलाओं के लिए भी बेहद लाभकारी होता है। तो जिन व्यक्तियों को खास करके महिलाओं को ब्लड प्रेशर की गंभीर बीमारी हो, उन्हें सौंफ का प्रयोग करना बेहद लाभकारी साबित होता है।
  • आजकल लोग अनिद्रा जैसी बीमारियों से गिरे हुए हैं, उनके लिए सौंफ बेहद लाभकारी है। क्योंकि सौंफ में कई सारे ऐसे पोषक तत्व पाए जाते हैं, जो कि नींद लाने के लिए काफी आवश्यक होते हैं। सौंफ में पाए जाते हैं पोटैशियम, मैग्नीशियम, सोडियम यह सारे पोषक तत्व है, जो कि हमें नींद लाने में हमारी मदद करते हैं। जिन व्यक्तियों को अनिद्रा जैसी बीमारी है, उनको भी ठीक करने में तो सौंफ काफी मदद करता है।
  • अक्सर देखा गया है कि मासिक धर्म में महिलाएं कई प्रकार के समस्याओं से घिरे रहती है। जैसे कि पेट में मरोड़, बदन दर्द और भी तरह की समस्याओं से घिरी रहती है। इस समय अगर महिलाएं सौंफ का इस्तेमाल करें तो उसे काफी राहत मिलेगी और सब महिलाओं पर काम करेगा, यह भी जरूरी नहीं है। क्योंकि हर किसी की शरीर को ग्रहण करने की शक्ति अलग-अलग होती है। क्योंकि हर किसी का शरीर का हार्मोन अलग अलग होता है।
  • मधुमेह के रोगियों के लिए भी सौंफ मधुमेह के रोगियों के लिए भी सौंफ काफी लाभदायक होता है। क्योंकि सौंफ में कई ऐसे पोषक तत्व होते हैं, जो कि मधुमेह के रोगियों के लिए आवश्यक होते हैं। मधुमेह के रोगियों के लिए भी सौंफ काफी लाभदायक होता है। क्योंकि सौंफ में कई ऐसे पोषक तत्व होते हैं, जो कि मधुमेह के रोगियों के लिए आवश्यक होते हैं। मधुमेह में रक्त में बढ़ रहे शक्ररा की मात्रा को कम करने के लिए काफी लाभदायक होता है और सौंफ में एंटीऑक्सीडेंट पाया जाता है, जो कि कोलेस्ट्रोल की मात्रा को कम करने के लिए बेहद आवश्यक होता है। लाभदायक होता है और इस प्रकार से सौंफ मधुमेह के रोगियों के लिए लाभदायक होता है।
  • एक शोध के मुताबिक यह पता लगा है कि भारत में सौंफ का प्रयोग प्राचीन काल से ही औषधि के रूप में की जा रही है‌। सौंफ में कई सारे ऐसे पोषक तत्व और गुण पाए जाते हैं जो कि शरीर के लिए काफी लाभदायक है। सौंफ मे पोषक तत्व और गुण है एंटीऑक्सीडेंट, मिनरल, सेलेनियम ‌ जोकि लीवर के लिए काफी लाभदायक है। सौंफ का इस्तेमाल करके शरीर में होने वाले सभी हानिकारक पदार्थों को बाहर निकाला जा सकता है।
  • सौंफ का प्रयोग करके महिलाओं को ना केवल मानसिक धर्म में राहत मिलती है, बल्कि सौंफ का प्रयोग करके महिलाओं को गर्भावस्था के दौरान होने वाली मॉर्निंग सिकनेस में भी काफी राहत मिलती है। जो महिलाएं गर्भवती होती है, उनको सुबह सुबह उल्टी और जी मचला ने जैसी समस्या होती है, जो कि उनका दिन भर परेशान करके रखती है। इसीलिए उनको गर्भावस्था के दौरान सौंफ की चाय या सौंफ को चबाने से काफी राहत मिलती है और सौंफ से उसका पेट भी साफ हो जाता है, जिससे कि उन्हें गैस की भी समस्या से राहत मिल जाती है।
  • सौंफ में कई सारे पोषक तत्व पाए जाते हैं, जो कि हमारे त्वचा और हमारे बाल के लिए काफी लाभदायक होती है। सौंफ में एंटी-इंफ्लेमेटरी, एंटीमाइक्रोबियल और एंटीएलर्जिक गुण पाए जाते हैं, जो कि त्वचा और बालों के लिए काफी महत्वपूर्ण और लाभदायक होती है। त्वचा को स्वस्थ और मुलायम बनाने के लिए सौंफ का भाप लेना चाहिए। बालों में कई प्रकार की समस्या होती है, जैसे कि बालों का झड़ना, बालों में खुजली होना, असमय सफेद होना, बालों का घना ना होना, बालों में डैंड्रफ हो ना। इन सारी समस्याओं का समाधान एक सौंफ से हो सकता है। सौंफ को पाउडर बनाकर या फिर पानी में उबालकर पी लेने मात्र से ही बालों में होने वाली तमाम समस्याओं का समाधान हो जाता है और बाल लंबे घने और बालों की आयु भी बढ़ जाती है। इस प्रकार बालों और त्वचा के लिए सौंफ काफी लाभदायक है।

सौंफ का उपयोग

  • सौंफ को कई प्रकार से उपयोग किया जा सकता है, जिसमें ज्यादातर लोग सौंफ का चाय बनाकर पीते हैं। सौंफ का चाय बनाकर पीने से सबसे ज्यादा फायदा यह होता है मोटापे में कमी आती है।
  • सौंफ का इस्तेमाल माउथ फ्रेशनर के रूप में भी किया जाता है। जब कोई पार्टी या फिर किसी प्रकार के खाने का प्रबंध किया जाता है तो उसके अंत में सौंफ और मिश्री दी जाती है। ताकि व्यक्तिगत खाना भी पच जाए और उसका माउथ भी फ्रेस रहे।
  • सौंफ का प्रयोग लोग पाचन क्रिया को बढ़ाने के लिए और खून को साफ करने के लिए भी करते हैं।
  • जो व्यक्ति गायक होता है, वह अपने गले को पतला रखने के लिए और जिनको गले की समस्या होती है। उन्हें भी अपने गले की समस्या में राहत पाने के लिए भुनी हुई सौंफ और मिश्री खानी चाहिए।

सौंफ से होने वाले नुकसान

  • सौंफ में कई सारे पोषक तत्व पाए जाते हैं और एंटी ऑक्सीडेंट भी पाए जाते हैं। लेकिन इसके बावजूद भी अगर सौंफ का सही तरीके से इस्तेमाल ना किया जाए तो यह हमें हानि पहुंचा सकती।
  • जो महिलाएं अपने बच्चों को स्तनपान करा रही होती है, उनके लिए खानपान का बहुत ध्यान रखना पड़ता है। इसलिए उन्हें सौंफ का ज्यादा प्रयोग नहीं करना चाहिए। क्योंकि इससे उसके बच्चे पर खराब असर पड़ेगा।
  • सौंफ का प्रयोग करके बहुत सारी महिलाएं अपने चेहरे को स्वस्थ और निरोग बनाए रखना चाहती है। इसलिए वह सौंफ का ज्यादा प्रयोग करने लगती है। इसका परिणाम यह होता है कि उसका चेहरा अति संवेदनशील हो जाता है, जिसके कारण अगर वह थोड़े से भी धूप में जाती है तो उसे सनटैन होने का खतरा ज्यादा रहता हैं।
  • सौंफ का ज्यादा प्रयोग करने से त्वचा संबंधी रोग की खुजली और एलर्जी हो सकती है।
  • अगर व्यक्ति किसी प्रकार के दवाई का प्रयोग कर रहा हो तो उसे सौंप का इस्तेमाल करने से पहले डॉक्टर की सलाह लेनी चाहिए।

ध्यान दें: यह जानकारी केवल सूचनात्मक उद्देश्य के लिए बताई गई है। इसमें बताई गई किसी भी सलाह को अपनाने या फिर उस पर अमल करने का निर्णय स्वयं का व्यक्तिगत निर्णय होगा। इसके निष्कर्ष तक पहुँचने से पहले एक बार विशेषज्ञ की सलाह अवश्य लें।

निष्कर्ष

हमने यहाँ पर सौंफ खाने के फायदे और नुकसान (Saunf Khane Ke Fayde Aur Nuksan) के बारे में बताया हैं। उम्मीद करते हैं आपको यह जानकारी पसंद आई होगी, इसे आगे शेयर जरुर करें। यदि आपका इस लेख से जुड़ा कोई सवाल या सुझाव है तो कमेंट बॉक्स में जरूर बताएं।

यह भी पढ़े

मखाने खाने के फायदे और नुकसान

काली मिर्च के फायदे, उपयोग और नुकसान

ज्यादा सोने के नुकसान क्या है?, इसकी आदत कैसे छोड़े?

दही खाने के फायदे और नुकसान, गुण

देसी घी के फायदे, उपयोग और नुकसान

इनका नाम राहुल सिंह तंवर है। इनकी रूचि नई चीजों के बारे में लिखना और उन्हें आप तक पहुँचाने में अधिक है। इनको 4 वर्ष से अधिक SEO का अनुभव है और 6 वर्ष से भी अधिक समय से कंटेंट राइटिंग कर रहे है। इनके द्वारा लिखा गया कंटेंट आपको कैसा लगा, कमेंट बॉक्स में जरूर बताएं। आप इनसे नीचे दिए सोशल मीडिया हैंडल पर जरूर जुड़े।